रायपुर
छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) की राजधानी रायपुर (Raipur) के सिलतरा से उद्योगपति प्रवीण सोमानी (Praveen Somani) के अपहरण मामले में पुलिस (Police) के हाथ अब तक कोई बड़ी सफलता नहीं लगी है. इस बीच मामले में एक नई जानकारी आ रही है. सूत्रों के मुताबिक इस बात की भी आशंका व्यक्त की जा रही है कि जिस गैंग ने प्रवीण सोमानी का अपहरण (kidnap) किया था, उसने खतरे के डर से उसे किसी दूसरे गैंग (Gang) को बेच दिया है. यानी कि अपने टार्गेट का सौदा कर लिया है. अब दूसरा गैंग अपने मुताबिक से फिरौती के लिए डील कर सकता है.

अपहरण कांड में रायपुर पुलिस (Raipur Police) को उद्योगपति प्रवीण सोमानी के बिहार में होने के इनपुट मिले थे. इसके बाद पुलिस ने बिहार के पटना के साथ ही आसपास दबिश दी थी, लेकिन इसकी भनक लग गई और अपहरण करने वाले गैंग ने बिहार में अचानक अपना ठिकाना बदल दिया. पुलिस की टीम को उस ठिकाने का पता चल गया था. पुलिस ने प्लानिंग के साथ वहां दबिश दी, लेकिन उसके पहले ही अपहरणकर्ता प्रवीण को वहां से कहीं ले जा चुके थे.

सूत्रों के मुताबिक छत्तीसगढ़ पुलिस की चार टीमों ने बिहार के अलग-अलग ठिकानों में डेरा डाला है. लगातार छापेमारी के बाद पुलिस को अहम सुराग मिले थे. हालांकि रायपुर में बीते शनिवार सुबह ही हल्ला मच गया था कि पुलिस अपहृत उद्योगपति तक पहुंच गई है, उन्हें सुरक्षित छुड़ा लिया गया है. दिनभर इसी तरह की चर्चाएं रही. बाद में स्थिति साफ हुई. पुलिस की टीमें हालांकि बिहार के अलावा महाराष्ट्र, यूपी और साउथ में डटी हैं. अलग-अलग स्तर पर इनपुट जुटाए जा रहे हैं. पुलिस ने रायपुर से कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है. उन्हीं से पूछताछ के बाद ही टीमें अलग-अलग दिशाओं में जांच कर रही है. संदिग्धों से ही पता चला था कि अपहरणकर्ता प्रवीण सोमानी को बिहार लेकर गए हैं. बिहार में उन्हें किसी राजनीतिक रसूखदार के फार्म हाउस में छिपाकर रखा गया है. इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की. वहां कोई नहीं मिला. पुलिस के आला अफसरों का कहना है कि उनकी ओर से हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं.

Source : Agency