सिडनी
तीन मैचों की वनडे सीरीज का पहला मैच सिडनी में खेला जा रहा है। ऑस्ट्रेलिया ने पहले 28.2 ओवर का खेल पूरा होने तक 3 विकेट गंवाकर 133 रन बना लिए हैं। फिलहाल शॉन मॉर्श (36*) क्रीज पर मौजूद हैं। इससे पहले मेजबान ऑस्ट्रेलियाई ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। कप्तान आरोन फिंच और एलेक्स कैरी ने पारी की शुरुआत की।

हालांकि कंगारू टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। पारी के तीसरे ही ओवर में भुवनेश्वर कुमार ने कप्तान आरॉन फिंच (6) को बोल्ड कर दिया। इसके बाद कैरी ने उस्मान ख्वाजा के साथ मिलकर पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन जैसे विराट ने कुलदीप को अटैक पर लगाया एलेक्स कैरी (24) पहली स्लिप पर खड़े रोहित शर्मा के हाथ में कैच देकर पविलियन लौट गए। इसके बाद उस्मान ख्वाजा और शॉन मॉर्श की जोड़ी ने ऑस्ट्रेलिया की पारी को संभालने की कोशिश की। दोनों बल्लेबाजों ने धैर्य के साथ खेलते हुए खेल को आगे बढ़ाया और ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 100 रन के पार पहुंचाया।

धीरज के साथ खेल रहे उस्मान ख्वाजा ने अपने गेयर बदले और कुछ बाउंड्री बटोरकर रनगति को बढ़ाने का प्रयास किया। करीब एक साल बाद वनडे टीम में लौटे उस्मान ख्वाजा ने 70 बॉल में 5 चौकों की मदद से अपने वनडे करियर की 5वीं फिफ्टी पूरी की। लेकिन ख्वाजा इस पारी को बड़े स्कोर में नहीं बलद पाए। वह रवींद्र जडेजा की बॉल पर स्वीप खेलने के प्रयास में LBW आउट हो गए। हालांकि उन्होंने अंपायर के निर्णय पर DRS मांगा था, लेकिन टीवी कैमरा भी उन्हें नहीं बचा पाया। अब ऑस्ट्रेलिया को शॉन मार्श और पीटर हैंड्सकॉम्ब की जोड़ी से उम्मीद है।

ऐसा है भारत का रेकॉर्ड
ऑस्ट्रेलिया में भारत का एकदिवसीय रेकॉर्ड कुछ खास नहीं है। विश्व चैंपियनशिप 1985 और सीबी सीरीज 2008 की जीत के अलावा भारत को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उसकी सरजमीं पर 48 में से 35 वनडे मैचों में हार का सामना करना पड़ा है। भारत को हालांकि डेविड वॉर्नर (2016 की सीरीज में तीन मैचों में 220 रन) और स्टीव स्मिथ (2016 में पांच मैचों में 315 रन) की गैरमौजूदगी का फायदा मिल सकता है।

ऑस्ट्रेलिया ने पहले वनडे से पूर्व अपनी अंतिम एकादश की घोषणा कर दी थी, जिसमें नाथन लायन को एकमात्र स्पिनर के रूप में जगह मिली है जबकि पीटर सिडल 2010 के बाद पहली बार इस प्रारूप में वापसी करेंगे।

Source : Agency